कुछ रुखी रुखी ,फीकी सी ,कब दुनिया पूरी लगती है ,
पल भर बातें ना हो तुझसे ,तो शाम अधूरी लगती है
पल भर बातें ना हो तुझसे ,तो शाम अधूरी लगती है
POETRY LIVES ON PEOPLE'S FACE,CRUCIAL CIRCUMSTANCES,AND EXOTIC MOMENTS...WHAT I DO IS JUST READ THEM AND GIVE THEM WORDS.....